भारतीय शिक्षा
मनुष्य में जो संपूर्णता सुप्त रूप से विद्यमान है उसे प्रत्यक्ष करना ही शिक्षा का कार्य है। स्वामी विवेकानन्द                      There are no misfit Children, there are misfit schools, misfit test and studies and misfit examination. F.Burk                     शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य आंतरिक शक्तियों को विकसित एवं अनुशासित करने का है। डॉ. राधा कृष्णन                      ज्ञान प्राप्ति का एक ही मार्ग है जिसका नाम है, एकाग्रता और शिक्षा का सार है मन को एकाग्र करना। श्री माँ

ख़बरें और कार्यक्रम

फरवरी 27-28, 2016 – विधि एवं न्याय के क्षेत्र में भारतीय भाषाएँ (राष्ट्रीय अधिवेशन)

फरवरी 27-28, 2016 – विधि एवं न्याय के क्षेत्र में भारतीय भाषाएँ (राष्ट्रीय अधिवेशन)

विधि और न्याय के क्षेत्र में भारतीय भाषाएँ पर दो दिवसीय राष्ट्रीय अधिवेशन का आयोजन विधि विभाग इलाहाबाद विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित किया जा रहा है। src=”http://www.bharatiyashiksha.com/wp-content/uploads/2016/02/1.jpg” alt=”1″ width=”960″ height=”754″ class=”aligncenter size-full wp-image-953″ />

शिक्षा का उद्देश्य

शिक्षा का उद्देश्य

आचार्य चाणक्य जो माता व् पिता अपने बच्चों को शिक्षा नहीं देते हैं वे तो बच्चों के शत्रु के सामान हैं, क्योंकि वे विधाहीन बालक विद्धानों को सभा में वैसे ही तिरस्कृत किये जाते हैं जैसे हंसों की सभा में…

विधि शिक्षा और न्याय के क्षेत्र में भारतीय भाशा

विधि शिक्षा और न्याय के क्षेत्र में भारतीय भाशा 14 सितम्बर 1949 को हिन्दी को भारतीय संघ की राजभाशा बनाया गया। यह सौभाग्य का विशय है कि देश की जनभाशा हिन्दी को प्रथम बार देश की राजभाशा के रूप में…

Page 1 of 612345...Last »